Daily Archives: April 15, 2017

पंचायतों को साधेगी योगी सरकार

लखनऊ। 24 अप्रैल को राष्ट्रीय पंचायत दिवस के अवसर पर भारत सरकार के निदेर्शानुसार उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर का राष्ट्रीय पंचायत दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया जाना है। राष्ट्रीय पंचायत दिवस का कार्यक्रम वर्ष 2010 से प्रारम्भ किया गया था और भारत सरकार के निर्देशानुसार प्रत्येक वर्ष भारत वर्ष के किसी एक प्रदेश में मनाया जाता है। राष्ट्रीय पंचायत दिवस कार्यक्रम में पंचायत सशक्तीकरण के अन्तर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाली त्रिस्तरीय पंचायतों के पदाधिकारियों व अन्य विशिष्ट लगभग 3200 व्यक्तियों द्वारा प्रतिभाग किया जायेगा, जिसमें उत्तर प्रदेश के लगभग 2500 तथा अन्य प्रदेशों के 700 व्यक्तियों द्वारा प्रतिभाग किया जायेगा। राष्ट्रीय पंचायत दिवस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा कार्यक्रम की अध्यक्षता भारत सरकार के केन्द्रीय पंचायतीराज, पेयजल एवं स्वच्छता तथा ग्रामीण विकास मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर करेंगे। कार्यक्रम में पंचायत क्षेत्र में विशिष्ट उपलब्धि अर्जित करने वाले लगभग 550 पंचायत जनप्रतिनिधियों को सम्मानित किया जायेगा। उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राहुल भटनागर आज शास्त्री भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष के सभागार में आगामी 24 अप्रैल को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय पंचायत दिवस के सफल क्रियान्वयन हेतु विभागीय अधिकारियों की बैठक कर आवश्यक निर्देश दे रहे थे।

अरिश बने जोगी कांग्रेस के सोशल मीडिया सेल के प्रदेश संयोजक

रायपुर। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के सुप्रीमो एवं छत्तीसगढ़ के प्रथम मुख्यमंत्री अजीत जोगी के निर्देशन में पार्टी की सोशल मीडिया विभाग की घोषणा की गई। जोगी कांग्रेस ने डिजिटल मितान के नाम से अपना सोशल मीडिया सेल बनाया, जिसमे अजित जोगी द्वारा सलाहकार समिति में योगेश तिवारी, समीर अहमद बबला एवं मेहुल मारू को रखा गया है। साथ ही प्रदेश संयोजक मोहम्मद अरिश अनवर को नियुक्त किया गया है। प्रदेश के कई चुनिदा पार्टी कार्यकर्ताओं जो मीडिया में एक्टिव है उन्हें पार्टी के सोशल मीडिया सेल का जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। नवनियुक्त प्रदेश संयोजक अरिश अनवर ने इस अवसर पर कहा कि पार्टी की गतिविधियों को सोशल मीडिया के जरिये से जन जन तक पहुचाने हेतु पूरे समर्पण के साथ जोगी कांग्रेस के लिए दिन और रात काम करेंगे साथ ही अनवर ने संभाग प्रभरियो और नवनियुक्त जिलाध्यक्षो के साथ अजीत जोगी एवं अमित जोगी का आभार प्रकट किया और अपनी जिमेदारीयो को श्राद्धपूर्वक निभाने की बात कही। अनवर को योगेश तिवारी,इकबाल अहमद रिजवी,सीमा कौशिक,छोटे मिया,सुनंदा विश्वास,हीरा बंजारे,विजय बंजारे,दीपक सिन्हा, हामिद अली आदि ने बधाई दी।

पाकिस्तान ने खराब की इस्लाम की छवि

नई दिल्ली । नोबेल पुरस्कार विजेता मलाला यूसुफजई ने पाकिस्तान में ईशनिंदा की चलते छात्र की हत्या की कड़ें शब्दों में निंदा की है। मलाला ने कहा कि पाकिस्तान दुनियाभर में अपनी खराब छवि के लिए खुद ही जिम्मेदार है। पाकिस्तान के एक विश्वविधालय में छात्र की हत्या का विरोध जताते हुए उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी किया है। उन्होंने कहा कि आज हम इस्लामफोबिया की बात करते हैं साथ ही यह भी कहते हैं कि लोग हमारे देश और धर्म को गलत नाम दे रहे हैं जबकि सच तो यह है कि दुनियाभर में पाकिस्तान और इस्लाम की खराब छवि के लिए कोई और नहीं बल्कि स्वयं पाकिस्तानी जिम्मेदार हैं। गौरतलब है कि पाकिस्तान में गुरुवार को मशाल खान नाम के पत्रकारिता के छात्र की ईश निंदा के आरोप में हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि उसने फेसबुक पर अल्लाह के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट शेयर की थी।मलाला ने कहा कि सभी पाकिस्तानियों को शांतिपूर्ण व सुरक्षित जीवन जीने का अधिकारी है। उन्होंने सरकार और स्थानीय संगठनों से आग्रह किया है कि मशाल के परिवार को न्याय दिलाए।

श्रीराम कथा धर्मशाला नहीं,प्रयोगशाला हैं : मोरारी बापू

— कलयुग में जागरुक और सावधान रहने की आवश्यकता हैं
रायपुर। रामकथा धर्मशाला नहीं है प्रयोग शाला हैं, राम नाम का जप करना चाहिए लेकिन उपदेश किसी को नहीं देना चाहिए। कमजोरी सभी में होती है लेकिन कमजोरी को दूर करने के लिए आत्मज्ञान की आवश्यकता हैं और रामकथा में यही आत्मज्ञान हमें प्राप्त होता हैं।
इंडोर स्टेडियम बूढ़ापारा में श्रीराम कथा के प्रारंभ दिवस पर मोरारी बापू ने कहा कि कथा का प्रसंग मानस में अपराध होगा। अपराध किससे नहीं होता, अपराध किसी न किसी रुप में हो ही जाता है भले ही वह शरीर से हो, वाणी से हो अथवा विचारों से ही क्यों न हो। अपराध कोई पाप नहीं है और इससे किसी को डरने की भी आवश्यकता नहीं है। अपराध होने पर वह पापी हो गया है ऐसा मन में सोचना भी नहीं चाहिए क्योंकि अपराध किसी न किसी कारण से होता है, हमें अपराध हो जाने पर उस पर आत्मचिंतन कर उसे दूर करने का प्रयास करना चाहिए। कलयुग में अपराध का मास्क बहुत वृहद स्तर पर फैला हुआ है और उसका परिणाम भी बुरा ही हो रहा है। यदि मानसिक विचार अच्छे होंगे तो उसका फल भी अच्छा ही प्राप्त होगा। रोटी मिले या न मिले यह सोचने की बात नहीं, कोई भूखा न रहे इस पर विचार करने की आवश्यकता हैं। बापू ने कहा कि अंधश्रद्धा से हमें दूर रहना चाहिए, जिस प्रकार से समूह प्रार्थना, समूह साधना, समूह तप हो रहे है उसी प्रकार से सामूहिक आत्मज्ञान की आवश्यकता हैं और युगों से चली आ रही कथा सामूहिक आत्मज्ञान की प्रयोगशाला है। अंधश्रद्धा में लोग ठगे से जा रहे है, वे सोचते हैं कि कोई चमत्कार हो जाएगा लेकिन चमत्कार की आशा नहीं करनी चाहिए अपने आत्मज्ञान से इसका निवारण करना चाहिए, इस कलयुग में हमें निरंतर सावधान और जागरूक रहने की आवश्यकता हैं। संत, गुरु और माँ सच्चे मित्र, सच्चा राजा क्षमाशील होते है, जब किसी सवाल का जवाब न मिले तो सीधे गुरु के पास चले जाना चाहिए क्योंकि गुरु के पास उस सवाल का जवाब अवश्य होता है। किसी भी स्थान की चर्चा होने से पहले उसके महामात्यम को समझ लेना जरुरी है। जो महाभारत, श्रीमद् भागवत गीता और रामायण से परिचित नहीं है वे हिंदुस्तानी होने के काबिल नहीं है। तुलसीदास ने रामचरित मानस को अत्यंत सरल श्लोकों के माध्यम से पूरे लोक तक पहुंचा दिया और यही लोक और श्लोक की कथा हैं। तुलसी के रामचरित मानस में 7 सोपान हैं तो वाल्मिकी रामायण में 7 कांड हैं। जब मानसिक रुप से व्यक्ति थक जाता है तो उसे रामचरित मानस सच्चे संत और स्त्री के पास आकर शांति की जो औषधि प्राप्त होती है वह और कहीं नहीं प्राप्त हो सकती। कथा की शुरुआत मोरारी बापू ने हनुमानजी महाराज, श्रीराम और महादेव का आव्हान करते हुए शनिवार की शाम किया। सादगी के पर्याय बापू ने शांतचित मुद्रा में हाथ जोड़कर उपस्थित श्रद्धालुओं का अभिवादन किया। बापू ने कहा कि रायपुर की कथा में किस प्रसंग पर उन्हें कथा करनी हैं निर्णय नहीं कर पाया था, लेकिन दोपहर 3 बजे तय किया कि – मानस में अपराध तुलसी किन-किन बातों को अपराध मानते हैं पर वे चर्चा करेंगे। मानस में अपराधों का बहुत बड़ा दर्शन हैं पर डरे नहीं क्योंकि सबसे पहले यह मुझ पर लागू होगा। समय सावधान होने का मौका हैं, कमजोरियां किसमें नहीं होती, हम सब में कोई न कोई कमजोरी हैं और जाने-अनजाने में चूक भी हुई है। मानस के आधार पर कौन-कौन से पात्र ने चूक की है पर चर्चा करेंगे। उत्तरकांड में गोस्वामी जी ने बताया कि पहले राजाओं का शासन रहता था और अकाल व सूखे की स्थिति होती थी तो राजा राहत देता था, सूखा पड़ा है इसलिए उसे कोई कर्ज नहीं चुकाना पड़ेगा। कलयुग आज बहुत बड़ा अकाल हैं जहां मन और समय दोनों मलीन हैं। लेकिन उन्होंने यह भी बताया है कि कलयुग के सामान कोई अच्छाई भी नहीं है इसलिए कलयुग से डरने की जरुरत भी नहीं हैं। परमात्मा ने कलयुग में भी हम सबको एक राहत दी हैं। गैर परस्तो की दुनिया है, यहाँ जिंदगी न तलाशकर, न कोई किसी का रहा है, न किसी का तबीब है, आप और हम सब धोखा खाए हुए है। पूरी जिंदगी मैं सिर्फ इतना करता आया कि बहुत मजबूत रिश्ते थे, बहुत कमजोर हो गए।
उपदेश देने का अधिकार जीव को नहीं शिव को हैं
बापू ने कहा कि उपदेश देने का मुझे भी कोई अधिकार नहीं है, उपदेश तो उपनिषद दे सकता है। तुलसी ने कहा है कि उपदेश देने का अधिकार जीव को नहीं शिव को है। राम नाम जपो, लेकिन किसी को जपने का उपदेश न दो। जो धर्म अभय न दें वह धर्म किस काम का है, राम नाम है परम धर्म।
रामकिंकर और राजेश रामायणी को किया याद
मोरारी बापू ने कथा प्रसंग शुरु करने से पूर्व छत्तीसगढ़ और मानस के प्रति प्रेम का जिक्र करते हुए स्वामी विवेकानंद आश्रम में हर साल होने वाले कथा और श्रीरामकिंकर जी महाराज एवं राजेश रामायणी को याद किया। रामकिंकरजी के कुछ साहित्यों का भी उन्होंने उद्धृत किया। धन्य हैं छत्तीसगढ़, धन्य हैं यह भूमि जिन्होंने ऐसे वक्ता दिए।
राज्यपाल ने किया दीप प्रज्जवलन
9 दिवसीय श्रीराम कथा का राज्यपाल बलरामदास जी टंडन ने दीप प्रवज्जलन कर शुभारंभ किया। अपने संक्षिप्त स्वागत उद्बोधन में उन्होंने छत्तीसगढ़ के लोगों की ओर से मोरारी बापू का स्वागत करते हुए कहा कि अनेक वर्षों के बाद बापू का रायपुर में आगमन हुआ है। आप सभी जन और अपनी ओर से उनका यहाँ हार्दिक अभिनंदन करता हूँ। हमारा परम सौभाग्य हैं कि ऐसे महापुरुष जो बिरले ही होते है उनके मुखारबिंद से भगवान श्रीराम की कथा सुनने का अवसर हमें मिला। कथा में श्रोता और वक्ता होते हैं हमें श्रोता बनकर एकचित, एकाग्रता के साथ ज्ञान लेना होगा। शरीर यहाँ पर हैं और मन कहीं इसलिए मन को एकाग्रताचित करके एक भावना के साथ बापू जी के कथा को ग्रहण करेंगे। मैं उनके चरणों में नमस्कार करता हूँ, स्वागत और अभिनंदन करता हूँ।
व्यासपीठ पर बापू का स्वागत
कथा के प्रथम दिवस मोरारी बापू व्यासपीठ पर विराजें, श्रीराम कथा आयोजन समिति की ओर से श्रीराम पोथी और बापू का श्री रमेश मोदी, राजेश मूणत, रामप्रताप सिंह, श्रीचंद सुंदरानी, देवजी भाई पटेल, महंत रामसुंदर दास, स्वरुपचंद जैन, संतोष बाफना, सुभाष राव, रतन गोयल व अन्य सदस्यों ने स्वागत किया। इससे पूर्व समिति के प्रमुख रमेश मोदी ने बापू का 31 साल बाद आगमन का जिक्र करते हुए कहा कि काफी अथक प्रयासों के बाद बापू का कथा के लिए समय मिला हैं, तब उनकी कथा गुजराती स्कूल देवेन्द्र नगर में हुई थी। समिति और छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से उन्होंने कोटि-कोटि अभिनंदन किया। वर्तमान में जो संस्कृति पर प्रहार हो रही है उस संस्कृति को बचाने के लिए बापू पूरे विश्व में प्रवचन कर रहे हैं।

बिगड़ेंगे उपग्रह, गिरेंगे यान, डोलेगी धरती…

– वर्ष 17-18 में भीषण गर्मी, तूफान, आगजनी, जलावरण और ग्लेशियर पिघलने की आशंका
– धैर्य, प्रेम, आस्था, जागरूकता और एकजुटता से संभव होगा बचाव, डरने की बजाय परिस्थिति को समझें
नई दिल्ली। वर्ष 2017 और 18 प्राकृतिक आपदाओं से भरे रहने वाले हैं। विश्व में भीषण घटनाएं घटेंगी। तीखी गर्मी, तूफान, आगजनी, ज्वालामुखी विस्फोट, ग्लेशियर पिघलना, बाढ़ और कीट-सृप का प्रकोप बढ़ेगा। वायरस जनित संक्रामक रोग फैलेंगे। मानव निर्मित सैटेलाइट्स के अनियंत्रित होने व विमानों के अप्रत्याशित ढंग से गिरने से भी इनकार नहीं किया जा सकता है। यह भविष्यवाणी पंडित अरुणेश कुमार शर्मा ने की है। उन्हें हाल ही में धर्मशाला, हिमाचल प्रदेश में विश्व के प्रथम हिन्दू एवं बौद्ध सम्मेलन में ज्योतिष आॅफ द ईयर से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उन्हें बौद्ध मास्टर गुरु कर्मा तंपेई ने प्रदान किया है। पंडित अरुणेश कुमार शर्मा की भविष्यवाणी से सहमति जताते हुए सम्मेलन में पधारे ज्योतिषियों प्राकृतिक आपदाओं के बढ़ने को ईश्वरीय सुधार की प्रक्रिया का अंग स्वीकारा। पं. अरुणेश ने बताया कि आगामी रक्षाबंधन पर्व से राहु-केतु क्रमश: कर्क और मकर में भ्रमण करेंगे। यह अवस्था सौरमंडल में चंद्र, पृथ्वी और सूर्य के अभिजित नक्षत्र से एक सीधी रेखा में होने पर और भी प्रभावी हो जाएगी। दूसरी ओर पृथ्वी अपने परिक्रमा पथ में सूर्य के करीबी बिंदु की ओर बढ़ रही है। ऐसे में सूर्य का गुरुत्वाकर्षण राहु-केतु नोडल पाइंट्स की लाइन पर पृथ्वी के परिक्रमा पथ को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य करेगा। यह सुधार बड़ी आपदाओं की आशंका बढ़ाता है।

भारत पर प्रभाव
भारत के मध्य से कर्क रेखा गुजरती है। देश के कई महत्वपूर्ण भाग भूकंप के प्रति अतिसंवेदनशील भी हैं। 2001 का भूकंप ऐसे ग्रह-गोचर के प्रभाव से आया था। इससे भारतीय उपमहाद्वीप का बड़ा भू भाग थर्रा गया था। इस बार की ग्रह रचना 2001 से ज्यादा प्रभावी है। इसके अलावा शनि आदि ग्रहों की अवस्थाएं यहां अप्रत्याशित बारिश, बाढ़, तूफान, आगजनी और संक्रामक रोगों को बढ़ाएगी।

36 साल में दो बार बनती है यह स्थिति
सूर्य अभिजित् नक्षत्र की ओर बढ़ रहा है। इस दिशा में राहु-केतु छाया ग्रह दो बार सीध में आते हैं। इस अवस्था में पृथ्वी अपने परिक्रमा पथ पर बेहतर ढंग से घूमती रहे इसके लिए आॅटो करेक्शन की प्रक्रिया से गुजरती है। हालांकि यह सुधार प्रक्रिया किसी राशी में राहु-केतु के योग में हो सकती है लेकिन कर्क-मकर का इसमें विशेष महत्व है। इससे भूकंप और गुरुत्वीय बदलाव की आशंका बढ़ जाती है। इसकी पहचान हमें खग्रास सूर्य और चंद्र ग्रहण से भी होती है। 31 जनवरी 2018 को खग्रास चंद्रग्रहण इस अवस्था की अति महत्वपूर्ण स्थिति है। यह ग्रहण भारत में दृश्य नहीं है लेकिन गुरुत्वीय प्रभाव के नजरिए के कर्क रेखा पर बड़ी हलचल होना अवश्यसंभावी है।

डरने की बजाय बरतें ये सावधानियॉं
सबसे पहले बड़े बांध, पुल, भवन आदि के निर्माण को रोका व धीमा किया जाए। बहुमंजिला इमारतों को सुरक्षा नियमों पर परखा जाए। प्राकृतिक आपदाओं से बचने के तरीकों को प्रचारित किया जाए। लोगों को इनसे डरने की बजाय इन्हें समझने के लिए प्रेरित किया जाए। राष्ट््रीय आपदा नियंत्रण विभाग को सबल और सुसज्जित किया जाए। लोगों में भेदभाव की अपेक्षा भाईचारा बढ़ाने का माहौल बनाया जाए ताकि सब साथ खड़े हों। सुरक्षित हों।

बुआ संग आएंगे बबुआ…!

लखनऊ ।  यूपी विधानसभा चुनाव के परिणाम के बाद से लगातार EVM छेड़छाड़ के आरोप हारे हुए राजनीतिक दलों के द्वारा लगाये गए थे। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आज प्रेस कांफ्रेंस कर भाजपा पर जनता को धोखा देकर सरकार बनाने का आरोप लगाया। साथ ही उन्होंने कहा कि ‘झूठ के खिलाफ कोई भी गठबंधन करने को तैयार हैं। बता दें कि शुक्रवार को बीएसपी प्रमुख मायावती ने भी ऐंटी बीजेपी दलों से हाथ मिलाने की बात कही थी।

US ने आधुनिक ग्रैविटी न्यूक्लियर बम का सफल परीक्षण किया

निवादा। अफगानिस्तान पर सबसे बड़ा गैर-परमाणु गिराने के बाद अमेरिका चर्चा में है। इस बीच यूएस नैशनल न्यूक्लियर सिक्यॉरिटी ऐडमिनिस्ट्रेशन (NNSA) ने निवादा में आधुनिक ग्रैविटी न्यूक्लियर बम के सफल परीक्षण की घोषणा की है। गुरुवार को एजेंसी ने बताया कि अमेरिकी वायु सेना ने बीते 14 मार्च को निवादा में हुआ B61-12 ग्रैविटी न्यूक्लियर बम का पहला हवाई परीक्षण पूरा कर लिया। बताया गया है कि इस परीक्षण का उद्देश्य ‘गैर-परमाणु कार्यों’ और F-16 लड़ाकू विमान की क्षमता का मूल्यांकन करना था।

तीन साल के रिपोर्ट कार्ड के लिए मिशन मोड में मोदी के मंत्री

नई दिल्ली। सरकार के रिपोर्ट कार्ड को जनता तक पहुंचाने के उद्देश्य से केंद्र के एक दर्जन मंत्रियों की टीम पिछले काफी दिनों सें इसे अंजाम देने में मिशन मोड से लगी हुई है। सरकार की योजना के मुताबिक आगामी छह हफ्तों तक प्रत्येक शुक्रवार हर एक मंत्रालय की ओर से प्रेस कांफ्रेस करके रिपोर्ट कार्ड पेश किया जाएगा। आज केंद्रीय समाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री थावरचंद गहलोत ने सरकार की ओर से उठाये गए सामाजिक कल्याण के कदम के बारे में जानकारी दी। दूसरा रिपोर्ट कार्ड केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय की ओर से पेश किया जाएगा, जिसके तहत शहरी क्षेत्रों में घर मुहैया कराने समेत केंद्र की अन्य उप्लब्धियो का जिक्र किया जाएगा। वैकेंया नायडू के बाद नितिन गडकरी, धर्मेंद्र प्रधान और पीयूष गोयल के मंत्रालय ऐसी ही प्रेस कांफ्रेंस करेगे। मोदी सरकार के रिपोर्ट कार्ड के मिशन मोड की कमान सूचना और प्रसारण मंत्री वेंकैया नायडू कमान संभाल रहे हैं। वेंकैया सहित इस टीम में शामिल 13 मंत्रियों की अब तक कई बैठकें हो चुकी हैं। वैंकेया नायडू द्वारा संबंधित मंत्रियों को लिखे पत्र में कहा गया कि हमें ठोस रूप से पूरी कार्ययोजना तैयार कर लेनी है और तथ्य, आंकड़े, संख्या और सांख्यिकी आदि के साथ लैस रहना है, ताकि हमारी सरकार की उपलब्धि का प्रचार बड़े स्तर पर कर सकें। इसी तरह उन्होंने कहा है कि लोगों को हमारी सरकार के बारे में राय कायम करने और अपने जीवन पर हमारी सरकार के प्रभाव के बारे में फैसला करने के लिहाज से तीन साल का समय पर्याप्त होता है। सरकार की मौजूदा प्राथमिकताओं के लिहाज से इस टीम में ऊर्जा मंत्री पीयूष गोयल को बेहद अहम जिम्मेवारी दी गई है। उन्हें जिन मुद्दों को जनता के बीच ले जाना है, उनमें भ्रष्टाचार रोधी व्यवस्था को दुरुस्त करने और नोटबंदी के रूप में इसका क्लाइमैक्स सबसे प्रमुख है। इसके अलावा उन्हें विभिन्न योजनाओं में हो रहे रिसाव को रोक कर संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिहाज से भी सरकारी कदमों की जानकारी देनी है। इसी तरह रविशंकर प्रसाद को सूचना प्रौद्योगिकी, डीबीटी (सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे खाते में भेजना) और आधार के फायदे पर ध्यान देना है। उधर, प्रकाश जावड़ेकर, जेपी नड्डा और राधामोहन सिंह को सामाजिक क्षेत्र के लिहाज से अपने-अपने मंत्रालयों की उपलब्धि को विशेष तौर पर प्रचारित करने को कहा गया है। इन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य और कृषि के लिहाज से उठाए गए कदम और उनके नतीजों पर पूरी तैयारी कर जनता के बीच पहुंचने को कहा गया है।

विशाल सिक्का ने 2016-17 में 43 करोड़ रुपये वेतन लिया

नई दिल्ली। आईटी सेक्टर की देश की दूसरी बड़ी कंपनी इन्फोसिस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी विशाल सिक्का ने वित्त वर्ष 2016-17 में 66.8 लाख डॉलर यानी करीब 43 करोड़ रुपये वेतन लिया। हालांकि, यह राशि उनके कुल वेतन पैकेज का 61 प्रतिशत है। गौरतलब है कि इन्फोसिस के संस्थापकों ने कंपनी प्रबंधन को लेकर चिंता के जो मुद्दे उठाए हैं उनमें सिक्का का ऊंचा वेतन भी एक मुद्दा रहा है। सिक्का को समाप्त वित्त वर्ष के लिए 1.1 करोड़ डॉलर वेतन देने का वादा किया गया था। इसमें मूल वेतन, वेतन से इतर राशि, प्रतिबंधित शेयर यूनिट और वर्ष के दौरान शेयर विकल्प प्रदर्शन भी शामिल है। बहरहाल 2016-17 में सिक्का ने जो वेतन लिया है वह उन्हें इससे पिछले साल मिले कुल वेतन से भी कम है। पिछले साल सिक्का ने 48.73 करोड़ रुपये का वेतन लिया था। कंपनी के फाइनैंशल स्टेटमेंट के मुताबिक सिक्का को वेतन से इतर सुविधा राशि में 80 लाख डॉलर देने का वादा किया गया था, लेकिन उन्हें इसमें 36.8 लाख डॉलर ही मिले। सिक्का के वेतन को लेकर इन्फोसिस के संस्थापक सदस्य आवाज उठाते रहे हैं।

‘छठे न्यूक्लियर’ टेस्ट की तैयारी में उत्तर कोरिया

प्योंगयांग। उत्तर कोरिया जल्द ही अपना छठा परमाणु परीक्षण कर सकता है। अमेरिकी की ओर से कोरियाई प्रायद्वीप में दखल देने की बात कही जाने के बाद यह फैसला किया गया है। उत्तर कोरिया पर नजर रखने वाले 38 नॉर्थ रिसर्च इंस्टिट्यूट ने अपनी वेबसाइट पर लिखा है कि सैटलाइट से ली गई तस्वीरों में पंगये-री टेस्टिंग साइट पर गतिविधि होते देखी गई है। राउटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, गुरुवार को विदेशी पत्रकारों को बताया गया कि वे ‘एक बड़े और महत्वपूर्ण इवेंट’ के लिए तैयार रहें। विश्लेषकों ने बताया कि टेस्ट साइट के मेन ऐडमिनिस्ट्रेटिव एरिया और पोर्टल्स के आसपास गतिविधि देखी गई है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, साउथ कोरिया के अधिकारियों ने परीक्षण की खबरों के संकेतों को लेकर कोई खास प्रतिक्रिया नहीं दी। साउथ कोरिया के जॉइंट चीफ ऑफ स्टाफ के प्रवक्ता रो जे-चेयो ने रिपोर्टर्स को बताया कि उन्हें उत्तर कोरिया की ओर से उकसाने वाली किसी तैयारी के संकेत नहीं मिले हैं। राउटर्स के मुताबिक, साउथ कोरिया ने कहा कि वह बिना किसी चेतावनी के मिसाइट टेस्ट करने की क्षमता रखता है।